शहर में विराजित संतों के समक्ष पहुंचकर लिया आशीर्वाद और मार्गदर्शन
इंदौर, . शहर के श्वेतांबर एवं दिगंबर जैन समाजों के बीच एकता के उद्देश्य से जैन फोरम के तत्वावधान में आज सुबह नेमी नगर स्थित जैन मंदिर से एकता यात्रा का शंखनाद किया गया। इस यात्रा में शामिल करीब 300 समाजबंधुओं ने नेमीनगर, गुमाश्ता नगर, स्कीम 71, महावीर बाग सहित विभिन्न स्थानों पर पहंुचकर वहां विराजित जैन संतों से समाज की एकता के लिए आशीर्वाद एवं मांगलिक प्राप्त किए तथा उनसे आग्रह किया कि वे भी समाज को जोड़ने के लिए मार्गदर्शन करें।
यात्रा संयोजक संतोष जैन, महावीर जैन, जैनेश झांझरी, वीरेंद्र बड़जात्या एवं दीपक पाटनी ने बताया कि यात्रा में दिगंबर, श्वेतांबर, मंदिर मार्गी, स्थानकवासी एवं तेरापंथी सहित सभी पंथों के समाजबंधु शामिल हुए। पुरूष श्वेत वस्त्रों में जैन धर्म की पताकाएं लिए हुए दो पहिया एवं चार पहिया वाहनों से विभिन्न धर्मस्थलों पर पहंुचे और वहां विराजित जैन संतों से आशीर्वाद प्राप्त किए। जैन फोरम के संस्थापक अशोक मेहता ने बताया कि फोरम जैन समाज के सभी पंथों का एक गुलदस्ता है। इसका उद्देश्य यही है कि शहर के दोनों प्रमुख पंथ एकजुट होकर एक साथ आएं और समाज की एकता को नए आयाम प्रदान करें। यात्रा में वरिष्ठ समाजसेवी कांतिलाल बम, डॉ. प्रकाश बागानी, विजय मेहता, कैलाश वेद, निर्मल कासलीवाल, शिक्षाविद डॉ. नरेंद्र धाकड़, किशोर पोरवाल, , सहित अनेक प्रमुख बंधुओं ने अपने साथियों सहित शामिल होकर फोरम की इस पहल का समर्थन किया। यात्रा सबसे पहले नेमी नगर में विराजित संत आचार्य प्रणाम सागर के समक्ष पहुंची, इसके बाद गुमाश्ता नगर में आचार्य विमदसागर म.सा., स्कीम 71 पदमावती गार्डन में अभिग्रहधारी राजेश मुनि एवं तदपश्चात महावीर बाग में उपाध्याय प्रवर प्रवीण ऋषि म.सा. से भी आशीर्वाद एवं मांगलिक प्राप्त किए। आचार्य विमदसागर म.सा. ने फोरम के कार्यकर्ताओं से आशीर्वचन में कहा कि आप सब लोग अपने उपनाम के पहले जैन शब्द भी लिखना शुरू करें। इससे जैन समाज की एकता का भी परिचय मिलेगा।



