इन्दौर 10 नवम्बर । राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण अयोग (NCPCR) नई दिल्ली द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग के सहयोग से सोमवार को इंदौर के जाल सभागृह में बाल अधिकार एवं बालकों की शिक्षा, मानसिक स्वास्थ्य एवं बालकों संबंधी मुद्दों पर सम्मेलन /कार्यशाला का आयोजन किया गया। उक्त कार्यशाला का आयोजन कलेक्टर श्री शिवम वर्मा के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यशाला में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग से श्री के.पी.जे. गैराल्ड द्वारा बच्चों को शारीरिक एवं मानसिक प्रताडना से बचाने तथा बच्चों के सम्पूर्ण विकास के बारे में बताया गया। डॉ. गर्व जॉनी एक्सपर्ट रिसोर्स पर्सन द्वारा कारपोरल पनिशमेंट एवं बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य के विषयों को रेखांकित किया। पूर्व अध्यक्ष बाल कल्याण समिति श्रीमती पल्लवी पोरवाल द्वारा बालकों के देखरेख और संरक्षण अधिनियम 2015 के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। श्रीमती अनूपा गोखले द्वारा लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 के बारे में बताया गया। श्रीमती कंचन तारे द्वारा बताया गया कि स्कूलों में बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य पर विषय ध्यान रखा जाये ।
कार्यशाला में जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती शांता स्वामी भार्गव, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी श्री माधव प्रसाद हासानी, संयुक्त संचालक सामाजिक न्याय एवं निशक्तजन कल्याण तथा पुलिस उपायुक्त उपस्थित हुऐ। पुलिस विभाग अंतर्गत थानों में पदस्थ बाल कल्याण अधिकारी, जिले में संचालित विद्यालयों के प्राचार्य, विशेष किशोर पुलिस इकाई, जिला बाल संरक्षण इकाई एवं बाल कल्याण समिति जिला इंदौर के प्रतिभागियों के रुप में उपस्थित हुए एवं प्रशिक्षण प्राप्त किया। कार्यक्रम के समापन पर जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती शांता स्वामी भार्गव द्वारा उपस्थित प्रतिभागियों एवं विषय विशेषज्ञों का आभार व्यक्त कर कार्यक्रम का समापन किया गया। उक्त कार्यक्रम का संचालन श्रीमती सुनयना शर्मा द्वारा किया गया।



