सफलता की कहानी : सरवन निवासी रकमा की जटिल सर्जरी सफलतापूर्वक की गई

उपचार के बाद मरीज के परिजनों ने आभार जताया

रतलाम 9 सितंबर । जिला चिकित्सालय रतलाम में सिविल सर्जन डॉ एम एस सागर के मार्गदर्शन में मरीजों की जटिल सर्जरी का सफलतापूर्वक उपचार किया जा रहा है। सिविल सर्जन डॉ एम एस सागर ने बताया कि ग्राम सरवन जिला रतलाम निवासी रकमा का तीन माह पूर्व एक्सीडेंट हो गया था जिसके कारण उन्हें मेडिकल कॉलेज रतलाम में भर्ती कराया गया था , जहाँ चोट के कारण उसकी ऑत फटने पर पेट का ऑपरेशन कर ऑत रिपेयर कर मल विसर्जन के लिये रास्ता बनाया गया था। सामान्यतः इस रास्ते पर तीन माह में बंद किया जाता है। किंतु रकमा मेडिकल कॉलेज एवं अन्य अस्पताल में भी उपचार हेतु गया, किंतु बाहर के मल विसर्जन के रास्ते को कोई बंद नहीं कर पा रहा था। तब मरीज जिला चिकित्सालय रतलाम में आया एवं डॉ. बी.एल. तापडिया, शल्यक्रिया विशेषज्ञ को दिखाया। डॉ. तापडिया ने मरीज को सर्जिकल वार्ड में भर्ती कर समस्त जांचे करने के पश्चात् 02 सितंबर को ऑपरेशन कर मरीज के पेट पर बनाया गया मल विसर्जन का रास्ता बंद कर दिया। ऑपरेशन के दौरान सफल निश्चेतना विशेषज्ञ डॉ. महेश मौर्य ने प्रदान किया तथा ओ.टी. स्टॉफ ने ऑपरेशन में मदद की थी।
08 सितंबर तक मरीज जिला अस्पताल में मेल सर्जिकल वार्ड में भर्ती रहा तथा यहां सर्जिकल वार्ड स्टॉफ सिस्टर ने कुशलतापूर्वक देखभाल कर मरीज के स्वास्थ्य में निरंतर सुधार हेतु सेवायें दी गई । मरीज के स्वास्थ्य में सुधार होने पर 09 सितंबर को जिला अस्पताल से छुट्टी कर दी गई। मरीज द्वारा ऑपरेशन के पश्चात् अपने प्राकृतिक रास्ते से मल विसर्जन करना प्रारंभ कर दिया है। मरीज एवं मरीज के परिजन ने शासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं के लिए सरकार एवं जिला चिकित्सालय के डॉक्टर दी गई सेवाओं से अति प्रसन्न होकर स्टॉफ को धन्यवाद दिया।