71 वां महारूद्र यज्ञ : यज्ञ से राष्ट्र में आई महामारी, आपदा की निवृत्ति होती है

आज बुधवार को लघु रूद्र यज्ञ की आहूतियाँ दी गई

 रतलाम । त्रिवेणी तट पर यह होने वाला यह यज्ञ महारूद्र यज्ञ है । इस यज्ञ में एकादश ब्राह्मण द्वारा रूद्रपाठ के पंचम अध्याय के मंत्रों से 161 आहूती होने पर एक रूद्र यज्ञ होता है ऐसे 11 पाठ पर जो हवन होता है उसे एक लघु रूद्र कहते है । ऐसे प्रतिदिन एक लघु रूद्र की आहूती दी जाती है । ऐसे 11 लघु रूद्र होने पर महारूद्र होता है । रूद्र यज्ञ से राष्ट्र में आई विपत्ति महामारी, विपदा आदि से निवृत्ति होती है । यह यज्ञ का प्रभाव है । विश्व में महामारियों से लाखों जाने गई । किन्तु भारत वर्ष को भगवान महारूद्र की कृपा रही है। अकाल, भूकम्प आदि प्राकृतिक आपदाओं से भी भगवान महारूद्र रक्षा करते है । यह बात आचार्य पं. दुर्गाशंकर ओझा ने चल रहे महारूद्र यज्ञ में कहीं ।
त्रिवेणी तट पर सनतान धर्म सभा एवं महारूद्र यज्ञ समिति के बैनर तले आयोजित हो रहे 71 वें महारूद्र यज्ञ में पं. दुर्गाशंकर ओझा सहित 21 भूदेवों के मंत्रोच्चार से बुधवार को लघु रूद्र यज्ञ की आहूतियाँ मुख्य यजमान श्रीमती प्रेमलता संजय दवे दम्पत्ति द्वारा दी जा रही है । सनातन धर्म सभा एवं महारूद्र यज्ञ समिति द्वारा आमंत्रित समाजजनों में ब्रह्मा कुमारी परिवार से दीदी सविता जी, दीदी गीता जी, सखवाल ब्राह्मण समाज से अशोक पंड्या, महेश व्यास, श्री जांगिड़ ब्राह्मण समाज से पुष्पेन्द्र फलौदिया, राजपुरोहित समाज से सतिश पुरोहित, श्री जांगिड़ ब्राह्मण समाज अंगिरा धाम से बालकृष्ण शर्मा, मग ब्राह्मण समाज से ऋषि शर्मा, विजयवर्गीय समाज से रत्नेश विजयवर्गीय, लक्षकार समाज से शिवशंकर बागड़ी, बसोड समाज से दिनेश बसोड, सुर्य वंशीय कुरील समाज से ईश्वर देववंश आदि ने समाज बंधुओ एवं मातृशक्ति के साथ उपस्थित होकर यज्ञ नारायण की आरती की गई। आरती पश्चात प्रसादी का वितरण किया गया।
इस अवसर पर आमंत्रित सनातन समाज बंधुओं का श्री सनातन धर्म महासभा एवं महारुद्र यज्ञ आयोजन समिति की और से दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया गया तथा उपस्थित सभी आमंत्रित समाज बंधुओं एवं धर्मालुजनों का आभार अध्यक्ष अनिल झालानी द्वारा किया गया।
निराश्रितों को कराया जा रहा है प्रतिदिन भोजन
श्री बद्री नारायण सेवा ट्रस्ट द्वारा संचालित अन्न क्षैत्र में निराश्रितों प्रतिदिन भोजन कराया जा रहा है । इसके अन्तर्गत आज की भोजन प्रसादी मनोज शर्मा परिवार की ओर से करवाई गई । इस अवसर पर डॉ. राजेन्द्र शर्मा, नवनीत सोनी, राजेश दवे, नारायण राठौड़, सतीश राठौड़, विष्णु दलाल आदि उपस्थित थे।