शिव कृपा से आलोकित होगा रतलाम, जागेगी जीवन में चेतना व मंगल ऊर्जा
रतलाम। जब प्रकृति में बसंत का उल्लास हो, शक्ति उपासना का गुप्त नवरात्रि पर्व अपने चरम पर हो और नगर अपने स्थापना दिवस का गौरव मना रहा हो—ऐसे दुर्लभ एवं पुण्यकारी त्रिवेणी संयोग में रतलामवासियों को एक अद्भुत आध्यात्मिक सौभाग्य प्राप्त हो रहा है। इस पावन अवसर पर शिव शक्ति वासुकी धाम, स्नेह नगर (80 फीट रोड) पर शुक्रवार, 23 जनवरी 2026 को देवाधिदेव महादेव के स्वरूप वासुकीनाथ बाबा का भव्य, दिव्य एवं चमत्कारी अभिषेक श्रद्धा, भक्ति और वैदिक विधि-विधान से संपन्न होगा।
ज्ञान, विद्या और सकारात्मक चेतना की अधिष्ठात्री देवी सरस्वती को समर्पित बसंत पंचमी, शक्ति आराधना का रहस्यमयी पर्व गुप्त नवरात्रि तथा रतलाम नगर के ऐतिहासिक स्थापना दिवस का यह महासंयोग धार्मिक, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत पुण्यदायी माना जा रहा है।
इस पावन आयोजन में प्रातः 12 बजे से वासुकीनाथ बाबा का अभिषेक दूध, दही, पंचगव्य एवं पवित्र जल से किया जाएगा। शास्त्रों एवं भक्तों की मान्यता है कि बाबा के चरणों में अर्पित जल की प्रत्येक बूंद श्रद्धालुओं के जीवन से रोग, शोक, भय, बाधा एवं नकारात्मक शक्तियों का नाश कर शांति, संतुलन, ऊर्जा और आत्मबल प्रदान करती है। बाबा का अभिषेक जीवन में रुकी हुई सकारात्मक शक्तियों को पुनः जाग्रत करता है।
स्नेह नगर विकास समिति की अध्यक्ष श्रीमती चेतना पाटीदार ने बताया कि वासुकीनाथ बाबा की असीम कृपा से प्रतिमाह उजियारी पंचमी तथा प्रत्येक रविवार को नियमित पूजन एवं अभिषेक आयोजित किए जाते हैं। इन आयोजनों में सहभागिता करने वाले असंख्य श्रद्धालुओं ने मानसिक शांति, पारिवारिक सुख, रोग निवारण एवं जीवन में सकारात्मक परिवर्तन का अनुभव किया है। भक्तों की गहन आस्था है कि बाबा के अभिषेक से कालसर्प दोष, पितृ दोष, भूत-प्रेत बाधा, पारिवारिक क्लेश, आर्थिक अवरोध तथा मानसिक पीड़ा स्वतः शांत हो जाती है।
इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं के लिए सफेद पुष्प एवं नारियल अर्पित कर बाबा की तीन परिक्रमा करने की विशेष व्यवस्था की गई है। मान्यता है कि ऐसा करने से भक्त की मनोकामनाएँ शीघ्र पूर्ण होती हैं तथा जीवन में सुख, समृद्धि एवं मंगल का वास होता है। साथ ही सूखा नारियल अपने ऊपर से तीन बार उतारकर हवन कुंड में समर्पित करने की आस्थामयी व्यवस्था भी की गई है, जिसे नकारात्मक ऊर्जा के शमन एवं ग्रह बाधा निवारण का प्रभावी साधन माना जाता है।
यह दिव्य अनुष्ठान पंडित प्रवीण शर्मा जी के सानिध्य में वैदिक मंत्रोच्चार, रुद्राभिषेक एवं सामूहिक प्रार्थना के साथ संपन्न होगा। संपूर्ण वातावरण हर-हर महादेव के उद्घोष, मंत्रध्वनि और भक्ति रस से ओतप्रोत रहेगा।
शिव शक्ति वासुकी धाम परिवार, नगर के गणमान्य नागरिकों एवं सामाजिक संगठनों ने समस्त श्रद्धालुओं से आह्वान किया है कि वे बसंत पंचमी, गुप्त नवरात्रि एवं रतलाम स्थापना दिवस के इस अलौकिक अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर वासुकीनाथ बाबा की दिव्य कृपा प्राप्त करें तथा अपने जीवन, परिवार एवं नगर को शिव कृपा, शांति, ज्ञान और मंगल ऊर्जा से आलोकित करें।


