*समाज में घटती असंवेदनशीलता खतरनाक
*(केंद्रीय मानव अधिकार संगठन प्रारंभ करेगा अनूठे आयोजन)*
इंदौर। वर्तमान में किसी पीड़ित एवं जरूरतमंद को देखकर भी समाज में देखा अनदेखा कर दिया जाता है इस प्रकार की प्रवृत्ति समाज को असामाजिक बना रही है जिसको लेकर मानव अधिकार सुरक्षा संगठन द्वारा एक अनूठा अभियान प्रारंभ किया जा रहा है जिसमें समाज की संवेदनशीलता को जागृत करने के लिए प्रत्येक स्तर पर विभिन्न कार्यक्रम एवं प्रशिक्षण शिविर आयोजित कर इस दिशा में जन जागृति लाने का प्रयास किया जाएगा।
केंद्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन के इंदौर संभाग अध्यक्ष डाॅ. संतोष वाधवानी ने जानकारी देते हुए बताया कि हाल ही में उज्जैन के वीभत्स हादसे से समाज की संवेदनशीलता का परिचय हुआ है, बड़े ही आश्चर्य की बात है किसी पशु पक्षी को भी चोट पहुंचने पर परेशान होने वाला समाज आज मानव के साथ हो रहे अपराध और अत्याचार के बाद भी प्रभावहीन एवं संवेदनहीन दिखाई पड़ता है ऐसी स्थिति में संवेदनशीलता के इस अभाव को दूर करने के लिए केंद्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन की इकाई द्वारा यह निर्धारित किया गया है कि संगठन द्वारा समाज में इस और जन जागृति लाने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम एवं अन्य अनूठे आयोजन किए जाएंगे जिसके माध्यम से गरीब जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए समाज आगे आए और पीड़ित पक्ष के लिए कार्य करें यही इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है।
*अनेक अनूठे आयोजन किए जाएंगे*
संगठन के अध्यक्ष डॉ संतोष वाधवानी ने कहा है कि संगठन के समस्त पदाधिकारी गण एवं कार्यकर्ता गण इंदौर के विभिन्न स्थानों पर रोको टोको अभियान, संवेदनशीलता प्रतियोगिता, संवेदनशीलता क्विज, संवेदनशील वीडियो वायरल, संवेदनशील कहानी लेखन एवं नुक्कड़ नाटक इत्यादि आयोजन करेगा।



